
इन्दौर। विशेष सत्र न्यायाधीश (भ्रष्टाचार अधिनियम) कमलेश सनोदिया की कोर्ट ने शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गांधीनगर इंदौर के उच्च श्रेणी शिक्षक नोडल अधिकारी गजेंद्र देशमुख को रिश्वत लेने के आरोप में दोषी करार देते चार वर्ष की कैद की सजा सुनाते पांच हजार रुपए अर्थ दंड भी लगाया है। आरोपी शिक्षक देशमुख को लोकायुक्त पुलिस इंदौर ने 2 जनवरी 2017 को ब्लॉसम अकादमी गांधीनगर एरोड्रम रोड इंदौर के प्राचार्य विनीत वर्मा से निशुल्क शिक्षा के अधिकार के तहत विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चों की संख्या के प्रमाणीकरण हेतु प्रमाण पत्र पर हस्ताक्षर करने के लिए पांच हजार रुपए रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़ा था। प्रकरण में लोकायुक्त पुलिस की ओर से विशेष लोक अभियोजक आशीष खरे ने पैरवी करते हुए साक्ष्य के आधार पर अपराध सिद्ध किया। कोर्ट ने विशेष लोक अभियोजक खरे के तर्कों से सहमत होकर आरोपी शिक्षक देशमुख को सजा सुनाते हुए जेल भेज दिया।
