
ग्रामीणों ने की जांच की मांग
बालाघाट। एक ही परिवार के दो सदस्यों को अलग-अलग आवास योजना का लाभ मिल गया है। लेकिन गांव में मौजूद अनुसूचित जनजाति समाज के अधिकांश लोगों को आवास योजना का लाभ नहीं मिल पाया है। पीडि़त ग्रामीणों ने मंगलवार को जिला मुख्यालय पहुंचकर कलेक्टर से मामले की शिकायत की है। प्रकरण की जांच करवाकर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। मामला जिले के जनपद पंचायत कटंगी के ग्राम पंचायत वरुड़ का है।
जिला मुख्यालय पहुंचे ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत वरुड़ में वर्ष 2009-10 और 2010-11 में एक ही परिवार के दो सदस्यों को इंदिरा आवास और होम स्टेट योजना का लाभ दिया गया है। जबकि दोनों सदस्य आपस में पति-पत्नी है। ग्रामीणों ने बताया कि पंचायत से मिले दस्तावेजों के आधार पर रामचंद गोमा और रेखा पति रामचरण को आवास योजना का लाभ दिया गया है। यहां पंचायत ने रामचरण का नाम बदलकर रामचंद कर इंदिरा आवास योजना का लाभ दे दिया गया। ग्रामीणों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
अनुसूचित जनजाति के हितग्राहियों को नहीं मिल रहा है लाभ
ग्रामीण राजेश मरावी, आशीष मरावी, उदेलाल मड़ावी, मिथलेश मड़ावी, तिलकचंद भलावी, संजय भलावी, महेश भलावी, राकेश भलावी सहित अन्य ने बताया कि गांव में आदिवासी समाज के लोग भी निवास करते हैं। अधिकांश लोगों को अभी तक आवास योजना का लाभ नहीं मिला है। जबकि योजना का लाभ दिए जाने के लिए अनेक बार मांग की गई। लेकिन पंचायत पदाधिकारियों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। जिसके कारण समस्या जस की तस बनी हुई है।
