प्रधान जिला न्यायाधीश ने निरीक्षण के दौरान दिये आवश्यक निर्देश



दमोह : म.प्र. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जबलपुर द्वारा दिये गये निर्देशों के तहत प्रधान जिला न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण दमोह आनंद कुमार तिवारी की अध्यक्षता में जिला जेल दमोह में विधिक जागरूकता शिविर सह जेल निरीक्षण किया गया। इस अवसर पर जिला न्यायाधीश/सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण धर्मेश भट्ट, जिला विधिक सहायता अधिकारी रजनीश चौरसिया, चीफ. एल.ए.डी.सी.एस मनीष नगाईच, प्रेक्षा पाठक एवं मदन जैन, डिप्टी, एल.ए.डी.सी.एस., ऋचा त्रिपाठी एवं शिवानी पाराशर, जेल अधीक्षक छोटेलाल प्रजापति, बंदी पी.एल.व्ही., जेल स्टॉफ एवं बंदीगण उपस्थित रहे।
प्रधान जिला न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण आनंद कुमार तिवारी द्वारा उपस्थित बंदियों को संबोधित करते हुये कहा कि जेल में निरूद्ध बंदियों को भी संविधान द्वारा प्रदत्त सभी मूल अधिकार जेल के अंदर प्राप्त है चूंकि आप जेल में निरूद्ध है इस कारण आप सभी निःशुल्क विधिक सहायता हेतु पात्र है, बचाव हेतु बंदियों को गुणवत्तापूर्ण विधिक सहायता उपलब्ध कराये जाने हेतु जिला मुख्यालय पर आपके प्रकरणों में पैरवी करने हेतु लीगल एड डिफेंस काउसिल नियुक्त किये गये है, जो पूर्ण रूप से विधिक सहायता प्राप्त प्रकरणों में ही पैरवी करते है तथा वे सप्ताह में चार दिवस जेल लीगल एड क्लीनिक में उपस्थित होकर बंदियों को सहायता एवं सलाह देने का कार्य करते हैं। आप उनके कार्य दिवस पर उनके समक्ष उपस्थित होकर अपनी समस्याओं को बताकर उचित समाधान प्राप्त कर सकते है। कार्यक्रम के अंत में प्रधान जिला न्यायाधीश द्वारा बंदियों द्वारा पूंछे गये प्रश्नों के समाधानकारक उत्तर सुझाये गये। कार्यक्रम का संचालन जेल शिक्षक ऋषिकांत शुक्ला एवं आभार जेल अधीक्षक छोटेलाल प्रजापति द्वारा व्यक्त किया गया। कार्यक्रम उपरांत जिला जेल दमोह का निरीक्षण किया गया, जिसमें बंदियों को मिलने वाली चिकित्सा सुविधा, पाकशाला, महिला बैरक, भोजन की गुणवत्ता की जांच की गई एवं जेल अधीक्षक को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये गये।
इसी तारतम्य में उपजेल हटा का भी त्रैमासिक जेल निरीक्षण सह विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन भी किया गया, जिसमें प्रधान जिला न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण दमोह के द्वारा उपजेल हटा में बंदियों को प्राप्त सुविधाओं के संबंध में और बंदियों से उनके प्रकरणों में जानकारी ली जाकर प्रत्येक बंदी की पेशी दिनांक पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित रहने हेतु आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान जिला न्यायाधीश/सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण धर्मेश भट्ट, प्रभारी सहायक जेल अधीक्षक रोशनलाल रावत, कपिल देव सिंह गौर, जेल विजिटिंग अधिवक्ता, कृष्णा जारौलिया, पैरालीगल वालेंटियर एवं बंदीगण उपस्थित रहे।
