
बालाघाट। खाद्य सुरक्षा प्रशासन विभाग द्वारा मंगलवार को नगर की प्रमुख मिठाई दुकानों की जांच की गई। खाद्य सुरक्षा अधिकारी योगेश डोंगरे ने बताया कि दल द्वारा मां वैशाली राजपुरोहित मिष्ठान भंडार से कलाकंद, इंदौर स्वीट से मिल्क केक, शगुन स्वीट्स से बालूशाही, मधुर कलश स्वीट से पेड़ा और होटल अल्जाइका से दही का नमूना जांच के लिए लेकर राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया। गत दिवस नगर पालिका द्वारा संचालित दीनदयाल रसोई की जांच करते हुए सात नमूने जांच के लिए लिये गए है। जिसमें कच्ची खाद्य सामग्री दाल, चावल, आटा, मसाले आदि के सैंपल लिए गए हैं। इसी प्रकार विभाग में प्रमुख डेयरियों से पनीर एवं उसके एनालॉग के 10 नमूने विशेष रासायनिक जांच के लिए लेकर भेजें। एमएफटीएल मोबाइल फूड टेस्टिंग लैबोरेट्री द्वारा लालबर्रा एवं बालाघाट की विभिन्न होटलों से दूध एवं दूध से बने पदार्थ और मिठाइयों के नमूने मौके पर ही स्पॉट टेस्टिंग किए गए।
त्यौहार आते ही जाग उठता है अमला
खाद्य विभाग का अमला वैसे तो अमूमन कम ही कार्यवाही करता है। लेकिन जैसे ही त्यौहार सामने आते हैं, वैसे ही जाग उठता है। कार्यवाही के नाम पर औपचारिकता निभाते हुए केवल कुछेक दुकानों की जांच करते हैं। खाद्य पदार्थों के सेंपल भी एकत्र करते हैं। लेकिन सेंपल की जांच में रिपोर्ट क्या आती है इसे सार्वजनिक नहीं करते हैं। विडम्बना यह है कि बालाघाट शहर ही नहीं बल्कि जिले में भी बड़े पैमाने में नकली या मिलावटी खाद्य सामग्रियों की बिक्री हो रही है। लेकिन विभागीय कार्यवाही शून्य है। उल्लेखनीय है कि आगामी समय में होली पर्व है। ऐसे में खाद्य विभाग का अमला जांच के लिए अपने कार्यालयों से बाहर निकल आया है। यह कार्यवाही भी महज एक या दो दिन ही की जाती है। इसके बाद यह औपचारिकता में सिमटकर रह जाती है।
