
खरगोन। पत्नि की दूसरी शादी कराने से नाराज होकर अपनी सास और ससुर पर कुल्हाडी से हमला करने वाले दामाद पर दोष सिद्ध होने पर न्यायालय ने आरोपी दामाद को आजीवन कारावास ओर अर्थदंड से दंडित किया है। इस हमले में सास की मौत हो गई थी, जबकि ससुर को सिर में गंभीर चोंटे आई थी। उक्त मामले को पुलिस ने निर्मम हत्या कारित करने जैसा अमानवीय कृत्य करने पर प्रकरण को जघन्य सनसनीखेज एवं चिन्हित श्रेणी में शामिल किया था। पुलिस से मिली जानकारी अनुसार फरियादी सुखराम निवासी ग्राम मुरल्ला ने थाना बड़वाह पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह अपने परिवार के साथ ग्राम मुरल्ला के खेत में काम करने के लिये आया था, इसी दौरान उसकी पत्नि भिकुबाई, लडका एवं लडकी के साथ मकान में परिवार के साथ रहता था। बेट बबीता की शादी करीबन 05 साल पहले गांव के ही रहने वाले मोहन पिता ध्यानसिंह के साथ हुई थी। मोहन आये दिन बेटी बबीता से मारपीट करता था, जिसके चलते उनका रिश्ता टुट गया था। बेटी बबीता की दूसरी शादी करा दी थी, इससे नाराज होकर 28 मई को मोहन रात्रि में अपने हाथ में कुल्हाडी लेकर आया और घर की छत पर सो रहे ससुर सुकराम को सिर में कुल्हाडी मारकर चोट पहुंचाई, जब सास भिकुबाई बीच-बचाव करने आई तो मोहन ने भिकुबाई को सिर पर कुल्हाडी मारी, जिससे भिकुबाई को सिर में गंभीर चोट आने से मृत्यु हो गई। फरियादी सुखराम की रिपोर्ट पर आरोपी मोहन वास्कले के विरुध्द थाना बड़वाह पर अपराध दर्ज कर विवेचना उपरांत अभ्यिोग पत्र न्यायालय पेश किया, जहां विचारण उपरांत प्रथम अपर सत्र न्यायालय बड़वाह ने 14 मई को निर्णय पारित करते हुए प्रकरण के आरोपी मोहन पिता ध्यानसिंह वास्कले निवासी ग्राम बिंजलवाडा सनावद हाल मुकाम ग्राम मुरल्ला को हत्या के जुर्म में दोषी पाते हुए आजीवन कारावास और 6000 रुपए रुपये के अर्थदण्ड से दंडित किया है।
