
बालाघाट। विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) गौतम सिंह मरकाम ने न्यायालय के विशेष प्रकरण में आरोपी सुनील पिता धूपलाल उम्र 21 वर्ष को धारा 376(2)च भादंवि में 10 वर्ष का कठोर कारावास और 4,000 रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है। इसी तरह 5 एम / 6 पॉक्सो एक्ट में 20 वर्ष का कठोर कारावास व 6000 रुपए अर्थ दंड से दंडित किया। धारा 376 एबी भादंवि की सजा को धारा 5 एम / 6 पॉक्सो एक्ट में समाहित किया गया है। इस मामले में सहायक संचालक, विशेष लोक अभियोजक, बालाघाट कपिल कुमार डहेरिया द्वारा पैरवी की गई।
जानकारी के अनुसार पीडि़ता की मां ने थाना लामता में 30 मई 2024 को थाना शिकायत दर्ज कराई थी कि वह इस दिन अपनी सास और गांव के 2 लोगों के साथ धान पिसाने गई थी। घर पर उसके चारों बच्चे थे। दोपहर में उसे फोन आया था कि उसकी बेटी घर पर रो रही है, तब उसे लगा कि चारों बच्चों ने आपस मे लड़ लिए होंगे, इस कारण वह रो रही है। शाम करीब 4 बजे जब वह घर लौटी तो चारों बच्चे खेल रहे थे। उसका मामा भाई आरोपी सुनील लेटा हुआ था। करीब 5 बजे जब वह खाना बना रही थी तब पीडि़ता उसके पास आकर बताई कि चाचा सुनील ने उसके साथ बलात्कार किया है। जिसके बाद उसके गुप्तांग को देखा, जहां सूजन थी। उसने अपनी बेटी से प्रकरण के बारे में पूछताछ की। जिसमें उसने बताया कि सुबह करीब 11 से दोपहर 1 बजे के बीच जब वह टीवी देखने भैया के घर गई थी, जहां से आरोपी सुनील ने उसे खाना बनाने के बहाने लेकर गया। घर में उसके साथ बलात्कार किया। जब वह शोर करने लगी तो उसने मुंह दबा दिया। धान की बोरी के पीछे उसे छिपा दिया। घटना को सुनने के बाद पीडि़ता की मां ने थाना पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।
प्रकरण में विवेचना की गई। विवेचना उपरांत अभियुक्त के विरुद्ध प्रथम दृष्ट्या मामला प्रमाणित पाये जाने पर न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया। न्यायालय ने विचारण उपरांत प्रकरण में आयी सकारात्मक साक्ष्य के आधार पर उक्त आरोपी को 22 अगस्त को उपरोक्त दण्ड से दण्डित किया।
