
इन्दौर । नवम् अपर सत्र न्यायाधीश विवेक कुमार चंदेल की कोर्ट ने हत्या के प्रकरण में सुनवाई उपरांत इस अपराध में शामिल एक महिला सहित सभी छह आरोपियों को दोषी करार देते आजीवन कारावास की सजा से दंडित करने के साथ साक्ष्य छिपाने के अपराध में एक आरोपी को सात साल के सश्रम कारावास की सजा के साथ सभी को आठ-आठ हजार रुपए के अर्थदंड से भी दंडित किया है। कोर्ट ने राज्य सरकार की पीड़ित प्रतिकर योजना के तहत मृतक की पत्नी और आश्रितों को उचित मुआवजा दिलाने की अनुशंसा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को भेजी है। दंडित आरोपियों के नाम संगीता गौड़ उम्र पैंतीस साल उसका प्रेमी रोहित उर्फ लालू उम्र तीस साल, राजेश बौरासी उम्र तैंतीस साल, तथा बबलू मालवीय, अजय उर्फ कालू भोई और करण उर्फ भूरी शामिल हैं। प्रकरण में अभियोजन पैरवी विशेष लोक अभियोजक सुरेंद्रसिंह वास्केल ने की। अभियोजन कहानी संक्षेप में इस प्रकार है कि 24 दिसंबर, 2019 की सुबह सूचनाकर्ता कमल तेलंग ने एरोड्रम थाने पर सूचना दी थी कि अंबिकापुरी कॉलोनी के बगीचे के पास एक अज्ञात व्यक्ति का शव पड़ा हुआ है। सूचना पर पहुंची पुलिस और एफएसएल टीम ने बारीकी से निरीक्षण किया। मृतक के शरीर पर नुकीले व धारदार हथियार के गहरे घाव थे, नाक व मुंह पर लाल दुपट्टा और हाथ प्लास्टिक की पट्टी से बंधे हुए थे। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की मृतक के हाथ पर गुदे ओम-लक्ष्मी के टैटू से पहचान इंदर के रूप में हुई। इंदर की बहन शीला ने पुलिस को लक्ष्मी से उसके संबंधों की जानकारी देते संगीता और उसके प्रेमी रोहित पर हत्या की आशंका जताई। पुलिस ने संगीता और रोहित को हिरासत में लिया तो हत्याकांड का खुलासा हुआ जिसके अनुसार ऑटो चालक इंदर वर्मा के संगीता की बहन लक्ष्मी के साथ संबंध थे। घटना से करीब एक महीने पहले इंदर के ऑटो से लक्ष्मी के बेटे का एक्सीडेंट हो गया था, जिसे लेकर संगीता और उसका प्रेमी रोहित काफी नाराज थे। 23 दिसंबर 2019 की रात इंदर पुराने विवाद में समझौते की बात करने संगीता के घर छोटा बांगड़दा रोड स्थित एसएनजी गार्डन के पास पहुंचा। इंदर के नशे में होने से विवाद बढ़ गया तो आक्रोशित संगीता घर से डंडे ले आई और अपने प्रेमी रोहित, साथी राजेश, बबलू व अजय के साथ इंदर पर डंडों व चाकू से हमला कर दिया। जिससे इंदर की मौत हो गई थी। इसके बाद आरोपियों ने इंदर के हाथ-मुंह पर प्लास्टिक की पट्टी व दुपट्टे से बांधे और संगीता की दोपहिया गाड़ी पर शव को बीच में रखकर अंबिकापुरी कॉलोनी के सामने खाली मैदान में फेंक दिया। मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू, खून से सने डंडे, कपड़े और दोपहिया वाहन जब्त की तथा संगीता के घर के आसपास के घरों और एसएनजी गार्डन में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज जिनमें घटनाक्रम कैद हो गया था जब्त कर विवेचना उपरांत प्रकरण चालान कोर्ट में पेश किया जहां सुनवाई उपरांत सक्षम न्यायालय ने उक्त निर्णय दिया।
