कांग्रेस सांसद बोले… छात्रों की गूंज की सफलता देख घबरा गई सरकार

कांग्रेस का दावा है कि उसने कार्यक्रम के लिए पहले अनुमति प्राप्त कर ली थी और 51,000 रुपये की अग्रिम राशि जमा कर दी थी।
प्रयागराज। प्रयागराज में कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के छात्रों की गूंज कार्यक्रम को लेकर सियासी विवाद तेज हो गया है। आठ अगस्त को प्रयागराज के केपी ग्राउंड में होने वाले इस कार्यक्रम की मंजूरी आखिरी समय में रद्द कर दी गई। इसके बाद राहुल गांधी ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें छात्रों के हक की आवाज उठाने से कोई नहीं रोक सकता। छात्रों की गूंज की सफलता देख घबरा गई सरकार वहीं केपी ग्राउंड में राहुल के प्रस्तावित कार्यक्रम के लिए केपी ट्रस्ट द्वारा अनुमति रद्द किए जाने के बीच प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष 8 अगस्त को प्रयागराज आएंगे और छात्रों से संवाद करेंगे।
अजय राय ने कहा कि यह शहीदों और प्रतियोगी छात्रों की धरती है और यहां शुरू से प्रतियोगी छात्र अपना भविष्य तलाशते रहे हैं। राहुल जी 8 अगस्त को यहां आएंगे और बच्चों से संवाद करेंगे। उन्होंने कहा कि मेरा सरकार और प्रशासन से आग्रह है कि हमें वैकल्पिक जगह उपलब्ध कराए क्योंकि हम चाहते हैं कि हमारे नेता राहुल गांधी बच्चों से संवाद करें। कार्यक्रम की रसीद से स्पष्ट है कि वहां खेल खिलाया जाता है। शनिवार शाम को कॉलेज बंद रहेगा और अगले दिन रविवार है। सरकार राहुल गांधी से घबरा गई है।
आवाज उठाने से रोक नहीं सकते
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्र लंबे समय से फीस बढ़ोतरी और सीटों में कटौती जैसे मुद्दों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। उनका आरोप है कि सरकार छात्रों की समस्याएं सुनने के बजाय उन पर मुकदमे दर्ज कर रही है और उनकी आवाज दबाने की कोशिश कर रही है। राहुल ने यह भी कहा कि सवाल पूछने वालों पर लाठीचार्ज होता है, विरोध करने वालों पर एफआईआर दर्ज होती है और अब छात्रों से संवाद का कार्यक्रम भी रोकने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि इससे वे पीछे हटने वाले नहीं हैं।
भाजपा सरकार बाधाएं खड़ी कर रही
कांग्रेस नेता ने कहा कि भाजपा सरकार चाहे कितनी भी बाधाएं खड़ी करने की कोशिश करे, विपक्ष के नेता का ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम 8 अगस्त को प्रयागराज की पवित्र भूमि पर हर हाल में आयोजित होगा। पहले कोटा (राजस्थान), फिर देहरादून (उत्तराखंड) और अब प्रयागराज भाजपा सरकार युवाओं और राहुल गांधी जी के बीच इस ऐतिहासिक संवाद को रोकने के लिए हर जगह व्यर्थ प्रयास कर रही है लेकिन देश के युवाओं की आवाज को दबाया नहीं जा सकता। मैं सभी छात्रों, प्रतियोगी परीक्षा के उम्मीदवारों और युवाओं से अपील करता हूं कि वे 8 अगस्त को प्रयागराज पहुंचें और अपनी आवाज सीधे राहुल गांधी जी तक पहुंचाएं।
क्यों नहीं मिली कार्यक्रम की मंजूरी?
कार्यक्रम की अनुमति रद्द होने के पीछे कायस्थ पाठशाला ट्रस्ट ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश, लगातार बारिश से मैदान में जलभराव और जिला प्रशासन से अंतिम मंजूरी नहीं मिलने का हवाला दिया है। हालांकि कांग्रेस इसे महज प्रशासनिक फैसला नहीं, बल्कि राजनीतिक दबाव का नतीजा बता रही है।
