एमपीएससी पेपर लीक और छात्र आत्महत्या बना मुद्दा

नई दिल्ली । कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के चीफ अभिजीत दीपके ने महाराष्ट्र में भाजपा नीत फडणवीस सरकार के खिलाफ एक बार फिर आंदोलन छेड़ने का बड़ा ऐलान किया है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट पेपर लीक के खिलाफ छात्रों के साथ सफल आंदोलन के बाद, दीपके अब महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (एमपीएससी) द्वारा आयोजित विभिन्न ऑनलाइन परीक्षाओं में पेपर लीक के खिलाफ अपनी पार्टी और छात्रों के साथ मैदान में उतरेंगे। सीजेपी बीते कुछ दिनों से लगातार फडणवीस सरकार को घेरने की कोशिश कर रही है, और अब पार्टी ने आंदोलन की घोषणा कर दी है।सीजेपी ने विज्ञप्ति में कहा कि एमपीएससी के अध्यक्ष और सचिव के इस्तीफे की मांग को लेकर आंदोलन आगे भी जारी रखा जाएगा। पार्टी ने सरकार को अल्टीमेटम देते हुए कहा है कि अगर 24 सितंबर तक उनकी मांग पूरी नहीं हुई, तो वे एमपीएससी अभ्यर्थियों से बातचीत करने के लिए राज्यव्यापी दौरा भी करेंगे। एमपीएससी अभ्यर्थियों से मुलाकात के बाद दीपके ने एक वीडियो संदेश में कहा, मैं और सीजेपी एमपीएससी अभ्यर्थियों की इस लड़ाई में उनके साथ हैं। हम अभ्यर्थियों के साथ तब तक खड़े रहेंगे, जब तक इस्तीफा नहीं हो जाता। दीपके और अन्य नेता महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित अलग-अलग ऑनलाइन परीक्षाओं में पेपर लीक के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन में शामिल होंगे। इससे पहले के कुछ अभ्यर्थियों ने छत्रपति संभाजीनगर के वालुज इलाके स्थित दीपके के घर पर उनसे मुलाकात भी की थी, जिसके बाद यह निर्णय लिया गया। इससे पहले अभिजीत दीपके ने करीब एक महीने पहले जंतर-मंतर आंदोलन का सीजन 2 जल्द आने की बात कही थी, जिसमें उन्होंने भाजपा पर युवाओं से डराने का आरोप लगाया था। इस बीच अभिजीत दीपके ने फडणवीस सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे मनोज जरांगे को भी समर्थन दिया। दीपके बीते शुक्रवार को जरांगे से मिलने पहुंचे थे। मुलाकात के बाद उन्होंने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार को उनकी मांगों को समझने के लिए उनसे बातचीत करनी चाहिए। दीपके ने सवाल उठाया, मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री क्या कर रहे हैं? वे अपने बच्चों को पढ़ने के लिए विदेश भेजते हैं, वहीं यहां के स्कूलों का स्तर ठीक नहीं है। उन्होंने सरकार को चेतावनी भी दी कि जरांगे के साथ सोनम वांगचुक जैसा व्यवहार करने की कोशिश न करे, वरना पूरा महाराष्ट्र आंदोलन में शामिल हो जाएगा।
