कोटा रेलवे स्टेशन पर नाबालिग आरोपी भूजिया लेने उतरा आरपीएफ ने दबोचा

मुंबई। बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर जानलेवा हमले के बाद फरार हुए लॉरेंस बिश्नोई गैंग के तीनों शूटरों को राजस्थान के कोटा रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया गया है। ये तीनों नेपाल भागने की फिराक में थे, लेकिन एक नाबालिग शूटर को भूजिया खाने के शोक ने पुलिस के हत्थे चढ़ा दिया। बताया गया है कि तीन में से दो शूटरों ने ट्रेन में ही अपने बाल काटे और कपड़े बदले ताकि पहचान छिपाई जा सके, लेकिन कोटा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन रुकने के दौरान नाबालिग आरोपी खिड़की से एक वेंडर से भूजिया खरीदने लगा। यहीं पर तैनात आरपीएफ के सतर्क जवानों ने मुंबई पुलिस से मिली तस्वीरों के आधार पर उसे पहचान लिया। जवानों ने तुरंत बोगी में दाखिल होकर नाबालिग से पूछताछ की, जिस पर वह घबरा गया और बोल उठा कि उसके दोनों साथी सो रहे हैं। बस फिर क्या था, अलर्ट सुरक्षा बलों ने तीनों आरोपियों को दबोच लिया।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस की जांच में इस हमले की साजिश के कई अहम खुलासे सामने आए हैं। पुलिस के मुताबिक हमले के मास्टरमाइंड अनिल पंडित ने रेहान को टाइगर श्रॉफ की हत्या की सुपारी दी थी और उसे विदेश भेजने का भी भरोसा दिया था। अनिल पंडित कैलिफोर्निया से जंगी ऐप के जरिए आरोपियों को लाइव निर्देश दे रहा था। उसने वारदात के लिए हथियार उपलब्ध कराए और 2.50 लाख रुपए एडवांस में दिए थे।
जांच के मुताबिक आरोपियों में ऋतिक को टाइगर श्रॉफ की लोकेशन की रेकी करने का जिम्मा सौंपा गया था। आरोपी करीब एक महीने से मुंबई के एक होटल में रह रहे थे और अनिल पंडित उन्हें खर्च के लिए रोज 5 से 10 हजार रुपए ऑनलाइन भेजता था। आरोपी अलग-अलग दुकानदारों को ऑनलाइन भुगतान कर उनसे नकद रुपए लेते थे। वारदात के बाद आरोपियों को जल्द दिल्ली पहुंचने और वहां से नेपाल भेजे जाने की योजना थी। पुलिस और आरपीएफ की इस त्वरित कार्रवाई से तीनों खतरनाक शूटरों को पकड़ने में सफलता मिली। अभी तीनों आरोपी पुलिस की हिरासत में हैं और उनसे पूछताछ की जा रही है।
