
पर्याप्त सबूतों की कमी का हवाला देकर न्यायाधिकरण ने सुनाया फैसला
मुंबई । महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार को एक बड़ी राहत मिली है, दरसअल आयकर विभाग ने 2021 में जब्त की गई 1,000 करोड़ से अधिक की संपत्तियों को रिलीज कर दिया। यह कदम बेनामी संपत्ति लेनदेन रोकथाम अपीलीय न्यायाधिकरण द्वारा अजित और उनके परिवार पर बेनामी संपत्ति के स्वामित्व के आरोपों को खारिज करने के बाद लिया गया।इस फैसले के तुरंत बाद अजित ने उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली, जो कि देवेंद्र फडणवीस के मुख्यमंत्री बनने के बाद हुआ। इस मामले में जब्त की गई संपत्तियों में सतारा में एक चीनी मिल, दिल्ली में एक फ्लैट और गोवा में एक रिसॉर्ट शामिल थे।
न्यायाधिकरण ने मामले में पर्याप्त सबूतों की कमी का हवाला देकर आरोपों को खारिज किया। न्यायाधिकरण ने कहा कि आरोपित संपत्तियों को वैध वित्तीय मार्गों के तहत खरीदा गया था।
अजित और उनके परिवार का प्रतिनिधित्व करने वाले अधिवक्ता ने कहा कि आरोपों का कोई कानूनी आधार नहीं है और उन्होंने जोर दिया कि सभी संपत्तियां वैध तरीके से, बैंकिंग प्रणाली के माध्यम से खरीदी गई थीं।
