कर्मचारी संगठनों ने जिला प्रशासन की भूरी-भूरी प्रशंसा की …….अधिकारी-कर्मचारियों ने लिया स्वास्थ्य लाभ


दमोह : कलेक्ट्रेट कार्यालय परिसर में आज जिले के समस्त अधिकारियों-कर्मचारियों के स्वास्थ्य परीक्षण के लिये स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया गया। शिविर में पूर्व वित्त मंत्री एवं दमोह विधायक जयंत कुमार मलैया और राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष डॉ. रामकृष्ण कुसमरिया ने शिवर का अवलोकन किया। इस अवसर पर अतिथि द्वय ने अपनी नाड़ी चेक करवा कर स्वास्थ्य लाभ लिया। पूर्व वित्तमंत्री एवं दमोह विद्यायक श्री जयंत कुमार मलैया ने कहा यह एक अच्छी पहल हैं, कलेक्टर दमोह सभी विभागों के शासकीय अधिकारी-कर्मचारियों का यहां पर स्वास्थ्य परीक्षण करवा रहे हैं, मैंने भी अपना चेकअप करवाया हैं।

इस अवसर पर एसडीएम आर.एल. बागरी ने कहा सभी लोगों के स्वास्थ्य परीक्षण हो सके इसके लिए कलेक्ट्रेट परिसर में स्वास्थ्य परिक्षण शिविर लगाए गए हैं, इसमें बहुत सारे विभागों के अधिकारी-कर्मचारी आए हैं। मैंने भी अपना स्वास्थ्य परीक्षण करवाया हैं। परियोजना अधिकारी जिला पंचायत अभिलाषा शुक्ला ने कहा आज मैंने भी यहां पर अपना स्वास्थ्य परीक्षण करवाया हैं। राकेश हजारी ने कहा ऐसा पहली बार हो रहा है कि दमोह जिले के अधिकारी-कर्मचारियों के स्वास्थ्य पर कलेक्टर द्वारा ध्यान दिया गया हैं, इसके लिए उन्हें साधुवाद देता हूं। के. आर. पांडे ने कहा यह बहुत ही सराहनीय हैं। कलेक्टर सर चाहे अधिकारी-कर्मचारी, किसान वर्ग या कोई भी वर्ग हो, हर एंगल से उनका ध्यान रखते हैं। इसके लिए कलेक्टर सर का धन्यवाद करता हूं। सुरेंद्र सिकर्रा ने कहा स्वास्थ्य शिविर से अधिकारियों-कर्मचारियों और उनके परिवार वालों को फायदा मिलने वाला हैं, यहां पर स्टॉल लगाकर अलग-अलग जांच कराई जा रही हैं, दवा उपलब्ध कराई जा रही है। यह शासन की बहुत अच्छी पहल है, इसका समस्त कर्मचारी संगठन स्वागत करते हैं।
अधिकारी-कर्मचारियों ने लिया स्वास्थ्य लाभ
शिविर में 462 ओपीडी जांच की गई जिसमें से 389 को दवाईयां वितरण की गई। इसी प्रकार 173 एनसीडी जांच तथा 125 को दवा वितरण की गई। इसी प्रकार 152 ईसीजी जांच एवं 63 को दवा वितरण, 406 बीपी जांच एवं 389 को दवा वितरण, 321 शुगर जांच एवं 293 को दवा वितरण, 21 आयुष्मान कार्ड बनाए गये। इसी प्रकार 174 लोगों की नेत्र की जांच की गई, 02 लोगों ने ब्लॅड डोनेशन किया एवं 80 लोगों की टीबी जांच-कफ की जांच कर परामर्श व फॉलोअप की सलाई दी गई। शिविर में स्त्री रोग 62 एवं ई.सी.जी. के 54 व्यक्तियों की जाँच की गई।
