
प्रियंका गांधी ने बिहार में बीपीएससी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज को अमानवीय बताया
नई दिल्ली। कांग्रेस नेता और वायनाड की सांसद प्रियंका गांधी ने सोमवार को बिहार में बीजेपी के गठबंधन वाली नीतीश सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने पटना में बीपीएससी परीक्षा में कथित अनियमितताओं के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस के लाठीचार्ज और वॉटर कैनन को अमानवीय बताया है। प्रियंका ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा- बिहार में तीन दिन में यह दूसरी बार छात्रों पर अत्याचार किया गया है। परीक्षाओं में भ्रष्टाचार, धांधली और पेपर लीक रोकना सरकार का काम है, लेकिन छात्रों की आवाज दबाने के लिए उन पर अत्याचार किया जा रहा है। कड़ाके की ठंड में युवाओं पर पानी मारना और लाठीचार्ज करना अमानवीय है। बीजेपी का डबल इंजन युवाओं पर डबल अत्याचार का प्रतीक बन गया है।
बता दें बीते रविवार को बीपीएससी की 70वीं संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर हजारों अभ्यर्थियों ने पटना के गांधी मैदान के पास विरोध प्रदर्शन किया था। प्रदर्शनकारी परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे थे, पुलिस द्वारा समझाने के बावजूद छात्रों ने सड़क खाली नहीं की जैसे ही प्रदर्शन तेज हुआ, पुलिस ने छात्रों को तितर-बितर करने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया था। जब इससे भीड़ काबू में नहीं आई तो लाठीचार्ज किया गया। इस दौरान कई प्रदर्शनकारी घायल हो गए। छात्रों ने आरोप लगाया कि उनके खिलाफ आंसू गैस और अत्यधिक शारीरिक बल का इस्तेमाल किया गया। महिला अभ्यर्थियों ने भी झड़प के दौरान दुर्व्यवहार का आरोप लगाया है।
छात्रों के विरोध और हिंसा के बीच, बिहार लोक सेवा आयोग ने प्रभावित उम्मीदवारों के लिए फिर परीक्षा कराने की घोषणा की है। यह परीक्षा 4 जनवरी, 2024 को होगी। फिर से परीक्षा में विशेष रूप से उन 12,000 उम्मीदवारों को शामिल किया जाएगा जो 13 दिसंबर को पटना के बापू परिसर परीक्षा केंद्र में उपस्थित हुए थे। बिहार सरकार ने प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई को स्थिति नियंत्रण के लिए आवश्यक बताया है, लेकिन विपक्षी दलों ने इसे क्रूर और लोकतंत्र विरोधी कदम करार दिया है। प्रियंका गांधी के इस बयान के बाद राजनीतिक बहस और तेज हो गई है।
