
जालसाजी कर किसान की जमीन कीमती जमीन को बेच दिया था कम कीमत में
भोपाल। किसान द्वार लिये गये लोन की मामूली रकम न चुकाने पर उसकी जमीन को जालसाजी कर कौड़ियो के दामो में बेचने पर जिला सहकारी एवं ग्रामीण विकास बैंक के अधिकारियो को सुनवाई पूरी होने पर कोर्ट ने दोषी करार देते हुए 3-3 साल की जेल सहित अर्थदण्ड से दंडित किये जाने का फैसला सुनाया है। यह फैसला विशेष न्यायालय मनोज कुमार सिंह, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की कोर्ट ने सुनाया है। प्रकरण में शासन की ओर से विशेष लोक अभियोजक हेमलता कुशवाहा एंव राम कुमार खत्री द्वारा पैरवी की गई। जनसंपर्क अधिकारी मनोज त्रिपाठी ने जानकारी देते हुए बताया की ग्राम जमोनिया छीर तहसील हुजूर जिला भोपाल के किसान हीरालाल की लगभग साढ़े 7 एकड जमीन जिसकी कीमत करीब 23 लाख 64 हजार रूपये थी। उसे आरोपियो द्वारा जालसाजी कर 19 अप्रैल 2007 को केवल 50 हजार रूपये मे नीलाम कर दिया था। कृषक हीरालाल ने मोटर एवं पम्प के लिये साल 1995 मे लोन लिया था। साल 2000 से 2007 के बीच कृषि भूमि की नीलामी कार्यवाही का सिलसिला कई वर्षो से चल रहा था। लोन लेने वाले किसान हीरालाल को केवल 2700 रूपये का भुगतान करना बाकी था, लेकिन अधिकारियो ने उसे बिना कोई सूचना दिये बंधक रखी उसकी जमीन को लोन की रकम अदा करने पर उस जमीन की बाजार और कलेक्टर द्वारा निर्धारित मूल्य से काफी कम कीमत पर जालसाजी कर नीलामी कार्यवाही कर डाली। आरोपियो ने अपने पद का दुरूप्रयोग करते हुए धोखाधाडी कर नीलामी संबंधित नोटशीट के कूटरचित दस्तावेज तैयार कर उसकी पुष्टि के लिये संयुक्त पंजीयक सहकारी संस्थाए भोपाल को भेजा। जहां उनके द्वारा अवैधानिक रूप से नीलामी की पुष्टि आदेश पारित किया गया। बाद में जालसाजी की फरियादी द्वारा लिखित शिकायत की गई, शिकायत की जॉच के बाद लोकायुक्त ने मामला दर्ज कर अभियोग पत्र कोर्ट में पेश किया था। अभियोजन द्वारा पेश किये गये साक्ष्य, दस्तोवजों के आधार पर कोर्ट ने सभी आरोपियेा को दोषी करार दिया। अदालत ने जिला सहकारी एवं ग्रामीण विकास बैंक के विक्रय अधिकारी हरिहर प्रसाद मिश्रा, सुरेश कुमार ममतानी, संयुक्त पंजीयक अशोक कुमार मिश्रा, सहकारिता निरीक्षक ए.पी.एस. कुशवाहा, नदीम खान को धारा 420, 467, 471 सहपठित धारा 120-बी भादवि 13-1(डी) सहपठित 13(2) पीसी एक्ट में सभी आरोपियो 3-3 साल का सश्रम कारावास एवं दो हजार रुपये के अर्थदण्ड एवं आरोपीगण हरिहर प्रसाद मिश्रा, सुरेश कुमार ममतानी, अशोक कुमार मिश्रा, ए.पी.एस. कुशवाहा को धारा 467, 471 सहपठित धारा 120-बी एवं धारा 13-1(डी) सहपठित 13(2) पीसी एक्ट में 3-3 वर्ष का सश्रम कारावास सहित 8-8 हजार रुपये के अर्थदण्ड से दंडित किये जाने का फैसला सुनाया।
