कोर्ट ने 12 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया

बीना। विशेष न्यायाधीश देवेंद्र कुमार कुंडू की अदालत ने पॉक्सो एक्ट के तहत दोषी को 20 साल की कठोर सजा सुनाई है। साथ ही 10 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया है। वही आरोपी को धारा 366 के तहत 5 साल का सश्रम कारावास और 2 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है। मामला फरवरी 2022 का है, जब आगासौद थाने में 14 वर्षीय एक छात्रा की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज की गई थी। जांच में पता चला कि पीड़िता दूसरे गांव के स्कूल में पढ़ने जाती थी, जहां आरोपी से उसकी मुलाकात हुई। आरोपी ने पहले उसे बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया और फिर कई दिनों तक उसके साथ जबरदस्ती गंदा काम करता रहा। पुलिस ने पीड़िता को राजस्थान से बरामद किया। उपनिरीक्षक प्रतिमा मिश्रा के नेतृत्व में की गई जांच में डीएनए परीक्षण की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई। विशेष लोक अभियोजक श्याम सुंदर गुप्ता ने अदालत में पीड़िता की नाबालिग होने के पुख्ता सबूत पेश किए। करीब तीन साल चली सुनवाई के बाद कोर्ट ने आरोपी को धारा 366 के तहत 5 साल का सश्रम कारावास और 2 हजार रुपए का जुर्माना, पॉक्सो एक्ट के तहत 20 साल का कठोर कारावास और 10 हजार रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई।
