
अम्बेडकर की मूर्ति को नुकसान पहुंचाने के मामले में हाई कोर्ट के निर्देश
जबलपुर। हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सुरेश कुमार कैत व न्यायमूर्ति विवेक जैन की युगलपीठ ने सिवनी जिले के धूमा थाना क्षेत्र में डा. भीमराव आंबेडकर की मूर्ति क्षतिग्रस्त किए जाने के मामले में सख्ती बरती है। इसके तहत सिवनी एसपी व धूमा टीआई को निर्देश दिए हैं कि आरोपितों पर कार्रवाई तक जांच जारी रखें जांच। साथ ही मजिस्ट्रेट के समक्ष रिपोर्ट पेश करें। इस निर्देश के साथ याचिका का निराकरण कर दिया। कोर्ट के पूर्व निर्देश के पालन में एसपी व टीआई ने शपथ पत्र पर अपने जवाब पेश किए। जिसे रिकार्ड पर ले लिया गया। दरअसल, यह मामला सिवनी निवासी जितेन्द्र अहिरवार की ओर से दायर किया गया था। जिनकी ओर से अधिवक्ता दिनेश उपाध्याय ने दलील दी कि धूमा थाना अंतर्गत बाजार चौक ग्राम दरगदा में 11 फरवरी की रात कुछ लोगों ने डा. आंबेडकर की मूर्ति में तोड़फोड़ की थी। अगले ही दिन धूमा पुलिस थाने में एफआइआर दर्ज कराई गई। दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही की मांग करते हुए एसपी सहित अन्य अधिकारियों को अभ्यावेदन दिए गए थे। आरोपितों के विरुद्ध कोई कार्यवाही न किए जाने पर हाई कोर्ट की शरण ली गई थी। प्रारंभिक सुनवाई के बाद एसपी व टीआई को जवाब पेश करने के निर्देश दिए गए थे। सिवनी पुलिस अधीक्षक सुनील मेहता व धूमा थाना प्रभारी शत्रुघ्न पटले की ओर से अवगत कराया गया कि प्रकरण में भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 298, 299 और 324 (2) के तहत अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज किया गया है। घटनास्थल पर सीसीटीवी कैमरे की उपलब्धता नहीं थी। अपराध को अंजाम देने वाले वास्तविक अपराधी की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
