
हादसे में बीमा करने वाले व्यक्ति हुई थी मौत, कंपनी ने प्रकरण को किया था निरस्त
जिलाउपभोक्ता आयोग बालाघाट ने सुनाया फैसला
बालाघाट । जिला उपभोक्ता आयोग बालाघाट ने एक बीमा कंपनी को 1 माह के भीतर बीमा क्षतिपूर्ति राशि 5 लाख रुपए और दावा प्रस्तुति दिनांक से भुगतान दिनांक तक 6 प्रतिशत वार्षिक साधारण ब्याज व आवेदक को वाद व्यय 2 हजार रूपये अदा करने के आदेश दिए है।
आयोग सदस्य डॉ महेश कुमार चांडक और हर्षा बिजेवार डोहारे ने बताया की आवेदक गोपाल बिसेन द्वारा प्रस्तुत प्रकरण में अपने पिता मंगरू लाल बिसेन की भूमि कूल रकबा 1.502 हेक्टर जो कि ग्राम नवेगांव तहसील खैरलांजी में है। इसी भूमि पर केसीसी लोन यूनियन बैंक शाखा वारासिवनी से 27 जुलाई 2018 को 1 लाख 50 हजार रूपये का कराया गया था। इस ऋण को सुरक्षित रखने के लिए 5 वर्ष का दुर्घटना बीमा युनियन ऋण सुरक्षा स्कीम के तहत बैंक द्वारा केयर हेल्थ इंश्योंरेस कंपनी लिमिटेड जबलपुर से कराया गया था। जिसमें राशि 6296 रूपये आवेदक के पिता मंगरूलाल के खाते से काटकर करवाया गया था। जिसकी विधिवत स्वास्थ बीमा पॉलिसी 2 अगस्त 2018 से 1 अगस्त 2023 तक 5 लाख रूपये की गई थी। बीमाधारक मंगरूलाल की मृत्यु 4 नवंबर 2022 को मोटर साइकिल एवं ट्रेक्टर के भिड़ंत से इलाज के दौरान हुई थी आवेदक द्वारा बीमा क्लेम संबंधी, पुलिस रिपोर्ट मर्ग इंटीमेशन एवं समस्त दस्तावेज बैंक एवं इंश्योरेंस कंपनी को प्रेषित किए गए थे। इसके बाद भी बीमा कंपनी द्वारा आवेदक के दावे को बिना किसी आधार के निरस्त कर दिया था।
जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोषण आयोग बालाघाट के अध्यक्ष श्यामाचरण उपाध्याय, सदस्य डॉ महेश कुमार चांडक और हर्षा बिजेवार डोहारे की बैंच ने अनावेदकों द्वारा सेवा में कमी को माना। जिसमें केयर हेल्थ इंश्योंरेस कंपनी लिमिटेड जबलपुर द्वारा बीमा राशि का भुगतान न कर सेवा में कमी की गई, जिस पर उपरोक्त आदेश आवेदक गोपाल बिसेन को उसके पिता मंगरू लाल की मृत्यु उपरांत पर्सनल लोन की राशि अनावेदक केयर हेल्थ इंश्योंरेस कंपनी लिमिटेड जबलपुर को एक माह के भीतर राशि 5 लाख रुपए, दावा प्रस्तुति दिनांक 20 दिसंबर 2023 से भुगतान दिनांक तक 6 प्रतिशत वार्षिक साधारण ब्याज और आवेदक को वाद व्यय 2 हजार रूपये अदा करने के आदेश दिए। आवेदक की ओर से प्रकरण में अवलेश बिसेन अधिवक्ता ने पैरवी की।
