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रूस-उज्बेकिस्तान से टूरिस्ट वीजा पर बुलाई जाती थीं विदेशी लड़कियां
नागपुर। महाराष्ट्र के नागपुर शहर में एक इंटरनेशनल सेक्स रैकेट का पर्दाफाश हुआ है जो शहर के मशहूर पैराडाइस होटल में चल रहा था। यह रैकेट दिल्ली से ऑपरेट किया जा रहा था और इसमें विदेशी युवतियों को टूरिस्ट वीजा पर भारत बुलाकर वेश्यावृत्ति में धकेला जा रहा था।
नागपुर पुलिस की सामाजिक सुरक्षा शाखा को गुप्त सूचना मिली थी कि होटल पैराडाइस में विदेशी लड़कियों से जुड़ी अवैध गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। सूचना के आधार पर पुलिस ने नकली ग्राहक बनाकर होटल में दबिश दी। जानकारी अनुसार नकली ग्राहक ने पहले 2,000 एडवांस दिए और फिर 5,500 विदेशी लड़की को ट्रांसफर किए। होटल का किराया अलग से चुकाया गया। इसके बाद उज्बेकिस्तान की 23 वर्षीय युवती को कमरे में भेजा गया। लड़की के पहुंचते ही पुलिस ने छापा मारा। मौके से रैकेट संचालिका रश्मि आनंद खत्री को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया गया।
दिल्ली से चल रहा था नेटवर्क
पूछताछ में सामने आया कि इस सेक्स रैकेट का मुख्य सरगना दिल्ली निवासी कृष्ण कुमार उर्फ राधे देशराज है। वह भारत के विभिन्न राज्यों में रूसी, उज्बेकी और अन्य विदेशी लड़कियों को बुलाकर यह गोरखधंधा करवाता था। फिलहाल वह फरार है और पुलिस उसकी तलाश में जुटी हुई है।
होटल में बना रखा था सीक्रेट रूम
पुलिस को जानकारी मिली कि जिस होटल में यह गोरखधंधा चल रहा था, उसे करीब ₹2.5 लाख प्रति माह किराए पर लिया गया था। यहां आने वाले ग्राहकों को विशेष रूप से विदेशी महिलाओं की सेवा का ऑफर दिया जाता था। होटल के कुछ कमरों को सीक्रेट रूप से सेक्स वर्क के लिए तैयार किया गया था। कहा जाता है कि रैकेट में शामिल विदेशी महिलाएं आर्थिक तंगी या धोखे का शिकार होकर इस दलदल में फंसती थीं। उन्हें भारत आने पर काम का झांसा देकर वेश्यावृत्ति में झोंका जाता था।
बहरहाल पुलिस ने सेक्स रैकेट पर कार्रवाई करते हुए इसकी संचालिका रश्मि आनंद खत्री को गिरफ्तार कर लिया है। इसी के साथ उज्बेकिस्तान की महिला को रेस्क्यू कर महिला संरक्षण केंद्र भेजा गया। दिल्ली निवासी मुख्य आरोपी की तलाश जारी है।
होटल के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी
नागपुर में हुआ यह खुलासा यह बताता है कि विदेशी महिलाओं के जरिए संचालित सेक्स रैकेट अब छोटे शहरों तक भी फैल चुके हैं। सतर्क पुलिस कार्रवाई ने न सिर्फ इस रैकेट को उजागर किया बल्कि कई विदेशी युवतियों को भी दलदल से बाहर निकालने की दिशा में पहल की है।

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