
तेजस्वी ने लगाए गंभीर आरोप, कहा- गुजरात के लोग बिहार के बन गए वोटर
पटना। राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के नेता तेजस्वी यादव ने चुनाव आयोग और बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि बीजेपी के इशारे पर वोट की चोरी हो रही है। उन्होंने कहा कि लोग इसे ‘मोदी का करिश्मा’ कहते हैं, लेकिन यह वोट की डकैती है। उन्होंने दावा किया कि 2020 के विधानसभा चुनाव में भी आरजेडी के साथ वोट की चोरी हुई थी, जहां पार्टी को कई सीटों पर 10, 20 या 100 वोटों से हार मिली थी।
तेजस्वी ने एसआईआर का मुद्दा भी उठाया, जिसका मामला सुप्रीम कोर्ट में चल रहा है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों को मृत घोषित किया गया था, वे कोर्ट में पेश हो रहे हैं। उन्होंने चुनाव आयोग की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि आयोग ने अब तक इस मुद्दे पर कोई प्रेस कॉन्फ्रेंस नहीं की है। तेजस्वी ने मुजफ्फरपुर की बीजेपी मेयर निर्मला देवी का उदाहरण देते हुए आरोप लगाया कि उनके और उनके देवरों के पास दो-दो वोटर आईडी हैं। उन्होंने बूथ नंबर 257 का जिक्र करते हुए देवरों, दिलीप कुमार और मनोज कुमार, के दोहरे वोटर आईडी नंबर होने का दावा किया।
तेजस्वी ने प्रोजेक्टर पर तस्वीरें और उनके वोटर आईडी नंबर भी दिखाए। तेजस्वी ने कहा कि बीजेपी को फायदा पहुंचाने के लिए जिंदा लोगों को मृत बताया जा रहा है और बीजेपी के लोगों के नाम कई जगहों पर शामिल किए जा रहे हैं। उन्होंने एक और बड़ा दावा करते हुए कहा कि गुजरात के लोग अब बिहार के वोटर बन रहे हैं। उन्होंने बिहार बीजेपी प्रभारी भीखूभाई दालसानिया का जिक्र करते हुए कहा कि पहले वह गुजरात में वोट देते थे, लेकिन अब उन्होंने वहां से नाम कटवा लिया है और बिहार में वोट देने की कोशिश कर रहे हैं।
बीजेपी नेता बिहार के डिप्टी सीएम विजय सिन्हा पर भी तेजस्वी ने हमला बोला। उन्होंने कहा कि अगर उन्होंने खुलासा नहीं किया होता, तो विजय सिन्हा का नाम मतदाता सूची से नहीं कटता। तेजस्वी ने सवाल किया कि विजय सिन्हा को सिर्फ एक जिले से नोटिस क्यों आया, जबकि उन्होंने दो जिलों में अपराध किया है।
