
मप्र उच्चन्यायालय ने 3 दिन में एफआईआर के दिए थे आदेश
नई दिल्ली। भोपाल मध्य विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। मध्यप्रदेश हाईकोर्ट जबलपुर ने इंदिरा प्रियदर्शिनी कॉलेज मामले में एफआईआर दर्ज कर एसआईटी जांच के आदेश दिए थे, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल रोक कर दिया है।
जानकारी अनुसार शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस जेके माहेश्वरी की बेंच में विधायक आरिफ मसूद की याचिका पर सुनवाई हुई। विधायक आरिफ मसूद की ओर से सुप्रीम कोर्ट में सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल, विवेक तन्खा और वरुण तन्खा ने पक्ष रखा। आरिफ मसूद के वकील विवेक तन्खा ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा दी है।
एमपी हाईकोर्ट का आदेश
सोमवार को एमपी हाईकोर्ट ने फर्जी दस्तावेजों के जरिए कॉलेज की मान्यता दिलाने के मामले में गंभीर टिप्पणी करते हुए कहा था कि बिना राजनीतिक संरक्षण इतने सालों तक कॉलेज नहीं चल सकता था। हाईकोर्ट ने तीन दिन के भीतर एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया था। भोपाल के कोहेफिजा थाने में आरिफ मसूद पर कूटरचित दस्तावेजों से धोखाधड़ी का केस दर्ज हुआ है। कोर्ट ने कॉलेज में नए दाखिलों पर रोक भी लगा दी है। साथ ही राज्य सरकार को 90 दिन में एसआईटी जांच पूरी कर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए थे।
