
बायोमैट्रिक अटेंडेंस को टाटा बाय-बाय
दमोह। 1 दिसंबर 2025 से मध्य प्रदेश के सभी 413 नगरीय निकायों में फेस रिकॉग्निशन अटेंडेंट सिस्टम लागू किया जा रहा है। वर्तमान में 124 नगरीय निकायों के 11600 से अधिक अधिकारी और कर्मचारियों को एआई बेस्ड सिस्टम से जोड़ा जा चुका है। राजधानी के संचालनालय के 500 कर्मचारियों को इस व्यवस्था से जोड़ा जा चुका है। इन सभी की फेस रिकॉग्निशन अटेंडेंस ली जा रही है।
1 दिसंबर से सभी 413 नगरीय निकायों के अधिकारी और कर्मचारियों की अटेंडेंस, फेस सिस्टम से होगी। अभी तक अटेंडेंस बायोमैट्रिक तरीके से होती थी। 1 दिसंबर से नवीन व्यवस्था संपूर्ण प्रदेश में लागू हो जाएगी।
नगरी निकायों में लगभग 90000 संविदा कर्मचारी काम करते हैं। लगभग 55000 कर्मचारी नियमित हैं। संविदा कर्मियों की हाजिरी अभी ठेकेदार भेजता है। जिसके कारण लगातार गड़बड़ी की शिकायतें मिलती रहती हैं। 10 से 15 फ़ीसदी कर्मचारी कागजों में दर्ज होते हैं। इन शिकायतों को दूर करने के लिए बायोमैट्रिक अटेंडेंस सिस्टम शुरू किया गया था। ठेकेदारों और कर्मचारियों ने इसमें भी गड़बड़ झाला करना शुरू कर दिया था।
नगरीय निकाय विभाग ने अब नया सिस्टम लागू किया है। एआई सिस्टम के माध्यम से चेहरे को रिकॉग्नाइज करके अटेंडेंस ली जाएगी। इसमें गड़बड़ी की कोई संभावना नहीं होगी। इस नवीन व्यवस्था को ई नगर पालिका 2.0 पोर्टल से लिंक किया गया है। कर्मचारियों का वेतन भी इसी उपस्थिति के आधार पर तैयार होगा।
नगरीय प्रशासन के कमिश्नर संकेत एस भोंडसे ने कहा है। इससे नगरीय निकायों की कार्य क्षमता में वृद्धि होगी। पारिदर्शिता बढ़ेगी। आर्थिक गड़बड़ियों पर नियंत्रण किया जा सकेगा।
