
कोटा। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी बुधवार को छात्रों के साथ संवाद कार्यक्रम में भाग लेने के लिए कोटा पहुंचे। दोपहर करीब 3:30 बजे चार्टर विमान से कोटा एयरपोर्ट पहुंचने पर उनका स्वागत राजस्थान कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने किया। इस दौरान गोविंद सिंह डोटासरा, अशोक गहलोत और सचिन पायलट समेत कई नेता मौजूद रहे।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी के स्वागत के लिए बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता एयरपोर्ट पहुंचे थे। जैसे ही वे एयरपोर्ट लाउंज से बाहर निकले और अपने वाहन की ओर बढ़े, कार्यकर्ता उनके करीब पहुंचने लगे। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा और कार्यकर्ताओं को पीछे हटाया गया। भारी भीड़ के कारण राहुल गांधी के काफिले को एयरपोर्ट से बाहर निकालने में भी काफी मशक्कत करनी पड़ी।
एयरपोर्ट से राहुल गांधी स्टेशन रोड स्थित एक निजी होटल पहुंचे, जहां उन्होंने चुनिंदा छात्रों से मुलाकात और चर्चा की। इसके बाद उनका मुख्य कार्यक्रम दशहरा मैदान में आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ संवाद कार्यक्रम है। आयोजकों के अनुसार इस कार्यक्रम में केवल छात्रों को प्रवेश दिया गया है, जबकि राजनीतिक कार्यकर्ताओं को शामिल नहीं किया जाएगा।
कोटा पहुंचने से पहले राहुल गांधी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक भावुक संदेश साझा किया। उन्होंने हाल ही में नीट पुनर्परीक्षा के दबाव में कथित रूप से जान गंवाने वाले दो छात्रों—उमेश और रिया—का उल्लेख करते हुए कहा कि ये मौतें केवल व्यक्तिगत त्रासदी नहीं, बल्कि एक “टूटी हुई और भ्रष्ट व्यवस्था” का परिणाम हैं। राहुल गांधी ने केंद्र सरकार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि परीक्षा प्रणाली में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक, कुप्रबंधन और अनियमितताओं के बावजूद छात्रों के हितों की पर्याप्त रक्षा नहीं की गई। उन्होंने कहा कि युवाओं के सपनों को बचाने और शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए संघर्ष की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कोटा से शुरू होने वाला यह अभियान छात्रों की आवाज को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने का प्रयास है, ताकि भविष्य में किसी छात्र और उसके परिवार को ऐसी परिस्थितियों का सामना न करना पड़े।
