
नर्मदापुरम। कलेक्टर नर्मदापुरम के निर्देशन एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी और महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी प्रीति यादव के मार्गदर्शन में महिला एवं बाल विकास विभाग की नर्मदापुरम शहरी परियोजना में हम होंगे कामयाब पखवाड़ा के अंतर्गत जेंडर आधारित हिंसा उन्मूलन कार्यक्रम शासकीय कन्या शाला जुमेरती में बालकों का लैंगिक अपराध से संरक्षण अधिनियम 2012 (POCSO) एक्ट की कार्यशाला की गई। कार्यशाला में पर्यवेक्षक आस्था शिवहरे के द्वारा उपस्थित बालिकाओं को बताया गया कि यदि किसी भी व्यक्ति द्वारा 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों का यौन उत्पीडन संबंधी कृत्य किया जाता है, तो अपराधी व्यक्ति को अधिकतम मृत्यु दंड एवं कम से कम 20 वर्ष का कारावास होगा एवं बच्चों को गुड टच एवं बेड टच के बारे में जानकारी दी गई। सब इंस्पेक्टर दीपिका लोखंडे के द्वारा बालिकाओं को बताया गया कि यदि कोई भी उनका शारीरिक रूप से या मौखिक रूप से परेशान करता है तो उक्त संबंध में बालिका जल्द से जल्द अपने माता-पिता, स्कूल की शिक्षिका, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता से संपर्क करें या फिर चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 नंबर से भी अपराधी व्यक्ति के विषय में जानकारी दे सकते हैं और पास्को act 2012 के विषय में भी जानकारी दी गई। टी आई हेमलता कुशवाहा के द्वारा भी बालिकाओं को बताया गया कि सभी पुलिस थाने में महिला एवं बच्चियों के लिए ऊर्जा डेस्क बनाई गई हैं, जिससे कि सम्बंधित को अपनी परेशानी को साझा करने में एवं रिपोर्ट लिखवाने में किसी प्रकार की दिक्कत ना हो एवं उनके द्वारा यह भी बताया गया कि यदि कोई महिला या बच्ची पीड़ित है और वह थाने नहीं आ सकती है तो संपूर्ण सहायता जहां पर वह चाहती है वहां पर जाकर उसकी मदद करेंगे एवं उनके द्वारा यह भी बताया गया कि सभी बालिकाओं को आत्मनिर्भर करने का प्रशिक्षण भी लेना चाहिए। परियोजना अधिकारी श्रीमती प्रीति यादव के द्वारा सभी का आभार व्यक्त किया गया। कार्यक्रम में कन्या शाला जुमेरती की प्राचार्या श्रीमती कीर्ति शिवपुरी, परियोजना अधिकारी श्रीमती प्रीति यादव, पर्यवेक्षक श्रीमती आस्था शिवहरे एवं स्कूल की शिक्षिकाएं एवं पुलिस विभाग से महिला थाने की टीआई हेमलता कुशवाह एवं सब इंस्पेक्टर दीपिका लोखंडे और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताएं उपस्थित रही।
