515 एकड़ जमीन पशुपालन विभाग के नाम से स्थानांतरित प्रदेश के मुख्यमंत्री किसानों की उनकी फसल रेट मिले उसके लिये काम कर रहे है – राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग अध्यक्ष डॉ.कुसमरिया
एक जिला एक उत्पाद एवं आत्मा योजनांतर्गत कृषि विज्ञान मेला हुआ संपन्न





दमोह : जिले के कुछ गांवों में ओलावृष्टि हो गई है, इस दुख की घड़ी में सरकार किसानों के साथ खड़ी है, उनके दुःख बांटने के लिए खड़ी है। जिला कलेक्टर से कहा है जहां पर भी ओलावृष्टि हुई है वहां पर सर्वे कराया जाए और सर्वे में नुकसान का आंकलन किया जाए। आज जिला कलेक्टर ने भी गांव पहुंचकर फसलों का निरीक्षण किया है, कुंडलपुर के आसपास 8-10 गांव में काफी नुकसान है, दुखद है कि आई फसल जो कुछ ही दिनों में कटने वाली थी उसका नुकसान हो गया है, जिन भी किसान भाइयों को नुकसान हुआ है, प्रशासन सर्वे कर रहा है, आंकलन कर रहा है, जो भी नियमानुसार होगा निश्चित रूप से कार्रवाई करके उन्हें राहत पहुंचाने का काम किया जाएगा। यह बात प्रदेश के पशुपालन एवं डेयरी विभाग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) लखन पटेल ने दमोह कृषि उपज मंडी में आयोजित एक जिला एक उत्पाद एवं आत्मा योजनांतर्गत कृषि किसान मेला में कही। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलित एवं गौ पूजन कर किया गया।

पशुपालन राज्यमंत्री श्री पटैल ने कहा किसानों तक सरकार की योजनाओं का लाभ पहुंचे, उनको इस मेले के माध्यम से उनको जानकारी उपलब्ध हो, इसके लिये यहां पर स्टॉल लगाये गये है, कौन-कौन सी योजनाएं हैं, किस योजना में कितना अनुदान मिलता है, इन सभी की जानकारी यहां दी जा रही है। किसानों के लिए बहुत बहुत धन्यवाद करना चाहता हूँ कि इस व्यस्त समय में, खेती का सबसे महत्वपूर्ण समय है उसमें भी अगर किसान समय निकाल के यहाँ आए तो जरूर स्वागत योग्य है।

पशुपालन राज्यमंत्री श्री पटैल ने कहा सीता नगर के पास में 515 एकड़ जमीन पशुपालन विभाग के नाम से स्थानांतरित कर दी गई है, लगभग 20-25 करोड़ की लागत से गौशाला बनेगी, एक महीने के भीतर गोकुल गौशाला जिसमें 10 हजार से अधिक गौवंश रहेगा, उसे अप्रैल के महीने में ही शुरू किया जायेगा। इतनी सुंदर और अच्छी गौशाला बनाई जायेगी कि लोग वहां पिकनिक मनाने आएंगे बच्चों का जन्मदिन मनाने आएंगे। वहां पर गौवंश की भी बहुत अच्छे से सेवा होगी, वहाँ पर गैस बनाने की अनुमति भी दी गई है, साथ में गोबर गैस संयंत्र नए तरीके से साथ बनाया जा रहा है, सोलर प्लांट भी लगाया जायेगा, जिससे बिजली भी बनेगी। गौशाला में गौवंश की नस्ल सुधारने का काम भी किया जायेगा, जब नस्ल सुधारेंगे तो दुग्ध उत्पादन अच्छा होने लगेगा। गोकुल गौशाला बनने से मुझे पूरा विश्वास है कि आने वाले तीन-चार सालों के अंदर पूरे प्रदेश में आवारा गौवंश नजर नहीं आएगा ।
राज्यमंत्री श्री पटैल ने कहा मुख्यमंत्री जी का सपना था कुछ गाय भैंस रखकर हम अपना जीवन यापन नहीं कर सकते हैं, एक योजना आ रही है जिसमें एक यूनिट में 25 गाय या 25 भैंस की होगी और उसमें 25-33 प्रतिशत अनुदान भी दिया जायेगा, एक यूनिट पर 50 लाख रुपए फाइनेंस किया जायेगा जिसमें 33 प्रतिशत और 25 प्रतिशत अनुदान होगा, साथ में ब्याज अनुदान भी होगा । राज्यमंत्री श्री पटैल ने कहा गांव में सड़कें हो गई, 24 घंटे बिजली उपलब्ध हो रही है, किसानों ने कहा की रीपर बहुत अच्छा है, इससे किसानों को बहुत फायदा हो रहा है।
मध्य प्रदेश राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष डॉ. रामकृष्ण कुसमरिया ने कहा किसानों के लिए प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव जी सिंचाई के संसाधन जुटा रहे हैं, किसानों को उनकी फसल का ठीक रेट मिले उसके लिए काम कर रहे हैं, जैविक खेती हो इसकी ओर आगे बढ़ने की कोशिश कर रहे हैं, इसकी शुरुआत 15 साल पहले की थी, अब जाकर वह सिद्ध हो रहा है। लोगों को खेती करने में सफलता मिल रही है। प्राकृतिक आपदाओं से निपटने के लिए निश्चित रूप से सरकार मदद करेगी, जिन किसानों का नुकसान हुआ है, उनकी मदद की जाएगी। उन्होंने कहा केन बेतवा लिंक परियोजना से कई जिलों की सिंचाई होने वाली है, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कई जिलों की सिंचाई होने वाली है।
जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रंजीता गौरव पटेल ने कहा एक जिला एक उत्पाद के तहत यहां पर प्रदर्शनी लगाई गई है, यह प्रदर्शनी किसान भाइयों के लिए लगाई गई है, प्रदर्शनी में नई-नई टेक्नालॉजी के माध्यम से कैसे खेती करना है, के बारे में सिखाया जा रहा है। जो किसान भाई यहां नहीं आए हैं, उन्हें बताएं कि किन नए-नए तरीकों से हम खेती कर सकते हैं, किन-किन उपकरणों का उपयोग कर सकते हैं और अपनी खेती को लाभ का व्यवसाय बना सकते हैं।
भाजपा जिला अध्यक्ष श्याम शिवहरे ने कहा कि यहां पर बहुत सारे किसान भाई बैठे हैं, यद वर्ष 2000 के पहले आप जाएंगे तो दमोह जिले को सूखा क्षेत्र बोला जाता था, सिंचाई के अभाव में, संसाधन के अभाव में खेती ही नहीं होती थी, किसान अपने उपजाऊ हिस्से को भी छोड़ देता था, क्योंकि उसके पास ना तो पानी होता था, ना ही ट्रैक्टर होता था, ना ही रीपर होता था, यह सब व्यवस्थाएं बहुत कम थी। मौजूदा सरकार ने इस क्षेत्र को सिंचित करने का काम किया, जब डॉ.रामकृष्ण कुसमरिया जी कृषि मंत्री बनकर आए, तो किसानों को आधारभूत संरचना देने के लिए ट्रैक्टर, रीपर और कृषि के लिये बड़े-बड़े शेड बनाकर दिये। केन्द्र और प्रदेश सरकार ने किसानों की उन्नति के लिये बहुत सी कल्याणकारी योजनाएं चलाई जिससे आज किसान आत्मनिर्भर व स्वालंबी हो रहे है।
कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने कहा आज कृषि मेला यहाँ पर लगाया है, लगातार कृषि मेले लगा रहे हैं और कृषि मेले लगाने का उद्देश्य बिल्कुल सिंपल है, कि हमारे किसान भाई पूरे जिले से यहाँ पर आए और देखें कि उत्पादन को बढ़ाने के लिए देश और दुनिया में कौन-कौन सी नई तकनीकी आ गई है। अलग अलग तरीकों से खेती को और बेहतर बना सके, खेती फायदे का धंधा बना सके, इस दृष्टि से यह कृषि मेला आयोजित किया गया है। इस मेले में पशुपालन राज्यमंत्री जी और सभी जनप्रिनिधिगणों ने अपना मार्गदर्शन इस मेले में दिया है। उन्होंने कहा दमोह जिला कृषि और पशुपालन से जुड़ी गतिविधियों के लिए जाना जाता है, किसानों को हर दिन की नई-नई चीजों के बारे में अधिक जानकारी दें, यह चीज़ किसानों तक पहुंचे जिससे किसान समृद्ध बन सकें, नई तकनीक का उपयोग कर सकें। उन्होंने कहा इस तरह के काम जिले में लगातार किये जाते रहेंगे, ताकि हमारे किसानों को अधिक से अधिक फायदा होता रहे।कार्यक्रम के अंत में विकासखंड पथरिया के ग्राम सुजनीपर के हितग्राही राम यादव को मुख्यमंत्री कृषक जीवन कल्याण योजना के अंतर्गत 404000 रूपये का अनुदान, ग्राम सिमरी सीता नगर के हितग्राही महेंद्र पटेल को कस्टम हायरिंग केंद्र के लिए 9 लाख अनुदान, ग्राम चिरोला के हितग्राही श्री शंकर कुर्मी को स्प्रिंकलर के लिए 13307 रूपये का अनुदान ग्राम गूड़ा के हितग्राही निरपत को पाइप लाइन के लिए 15000 रूपये का अनुदान, विकासखंड तेंदूखेड़ा के ग्राम बहेरिया माल के हितग्राही अर्जुन गौंड को बायोगैस संयंत्र निर्माण के लिए 22000 रूपये का अनुदान, ग्राम ससना कला हितग्राही थम्मन सींग को बायोगैस संयंत्र निर्माण के लिए 22000 रूपये का अनुदान तथा विकासखंड हटा ग्राम घुटरिया के हितग्राही सोमनाथ को कस्टम हायरिंग केंद्र के लिए 9 लाख रूपये का अनुदान वितरित किया गया।
