Spread the love

दमोह: कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर द्वारा जारी निर्देशों के तहत विगत कई दिनों से दमोह जिले में बाल भिक्षावृत्ति रोके जाने हेतु अभियान चलाया जा रहा है। जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास जयवंत सिंह वर्मा के मार्गदर्शन एवं सहायक संचालक संजीव मिश्रा  के निर्देशन में
आज शुक्रवार को पूरे दमोह शहर एवं बांदकपुर शिव मंदिर एवं रेलवे स्टेशन के विभिन्न स्थानों पर महिला एवं बाल विकास विभाग के बाल संरक्षण अधिकारी अखिलेश कुमार चौबे , बाल कल्याण समिति सदस्य मिथलेश मिश्रा एवं रश्मि वर्मा पुलिस विभाग से महिला आरक्षक आरती लोधी एवं प्रियंका दुबे की टीम ने बाल भिक्षावृत्ति करने वाले बच्चों को रेस्क्यू किया गया। इन बच्चों को बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया गया जहां बच्चों के माता पिता को बाल कल्याण समिति अध्यक्ष दीपक तिवारी एवं अन्य सदस्यों किरण राठौर व रोशनी चौरसिया द्वारा समझाईस दी गयी की अगर वह बच्चों से भिक्षावृत्ति करवाएंगे तो उनके विरुद्ध कार्यवाही की जायेगी। उन्होंने कहा बच्चों को पढ़ाएं और उन्हें एक अच्छा वातावरण प्रदान किया जाये, ताकि यह बच्चे भी अन्य बच्चों की तरह एक अच्छा जीवन जी सकें।
            जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री वर्मा ने बताया दमोह शहर के विभिन्न स्थानों पर लोगों को लाउड स्पीकर के माध्यम से प्रचार किया गया कि बच्चों को भीख देकर उनका भविष्य बर्वाद न करें, साथ ही समझाया गया कि बच्चों को भीख देने से उनका जीवन नष्ट हो जाता है, वे एक ऐसे कुचक्र में फंस जाते हैं, जहां वे भीख के पैसे से नशा करने लग जाते हैं और फिर वह बच्चों का दुरूपयोग करने वाले गिरोहों के संपर्क में आ जाने से बड़े -बड़े अपराधों का शिकार बनते है | इस प्रकार से बच्चों को भीख देने से व्यक्ति कोई अच्छा काम न करते हुए बल्कि अपराधों को बढ़ावा देने के काम में जाने–अनजाने में शामिल हो जाता है | इसलिए बच्चों को भीख न दें , उन्हें शिक्षा से जोड़ने का प्रयास करें और जिला प्रशासन के बाल भिक्षा वृत्ति मुक्त दमोह अभियान में जुड़ कर सहयोग करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *