
कोर्ट ने किया समन जारी, विधायक को 2 सितंबर को उपस्थित होने का दिया आदेश
जबलपुर। बीजेपी विधायक अशोक रोहाणी पर पार्टी के ही कार्यकर्ता निशांत शर्मा ने उनके खिलाफ कोर्ट में परिवाद दाखिल किया है, जिसमें विधायक पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारिका प्रसाद सूत्रकार ने विधायक रोहाणी को समन जारी करते हुए 2 सितंबर को कोर्ट में हाजिर होने के निर्देश दिए हैं।
मीडिया रिपोर्ट में निशांत शर्मा के मुताबिक जबलपुर के छावनी क्षेत्र के करीब 25 हजार नागरिकों के नाम वोटर लिस्ट से हटाए गए थे। उन्होंने इस मुद्दे पर आवाज उठाई और केंद्र व राज्य सरकार के साथ-साथ निर्वाचन आयोग को पत्र लिखे। 20 मार्च 2023 को इंडियन कॉफी हाउस, सदर में एक बैठक बुलाई गई थी, जिसके बाद कथित रूप से उन पर हमला किया गया था।
निशांत का आरोप है कि सदर की गली नंबर-5 में दोपहर 2:30 बजे उन पर हमला किया गया। हमलावरों ने गाली-गलौज कर मारपीट की और वोटर लिस्ट के मुद्दे को दोबारा उठाने पर जान से मारने की धमकी दी। उनका कहना है कि यह हमला विधायक अशोक रोहाणी के इशारे पर किया गया। निशांत ने इस हमले की रिपोर्ट केन्ट थाने में दर्ज कराई थी।
हालांकि शिकायत में नामजद किए गए विधायक अशोक रोहाणी और उनके समर्थकों संदीप गौंड व ऋषि बावरिया के नाम एफआईआर से गायब थे। पूछताछ पर थाना प्रभारी ने जांच के बाद नाम जोड़ने का आश्वासन दिया था, लेकिन अगले ही दिन निशांत पर ही एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया गया। 6 अक्टूबर 2023 को पुलिस ने चार अन्य आरोपियों—सुंदर अग्रवाल, संजय जैन, आशीष राव और राजेश उर्फ छोटू सतनामी के खिलाफ चालान पेश किया, लेकिन विधायक और उनके करीबी समर्थकों के नाम फिर भी इसमें शामिल नहीं किए। पुलिस ने रिपोर्ट में लिखा कि अन्य व्यक्तियों के खिलाफ पर्याप्त सबूत नहीं हैं।
निशांत ने अपने परिवाद में सीसीटीवी फुटेज, मेडिकल रिपोर्ट, एफआईआर की प्रति और अन्य दस्तावेज कोर्ट में पेश किए। कोर्ट ने सभी बिंदुओं पर विचार करते हुए विधायक अशोक रोहाणी को समन जारी कर 2 सितंबर को कोर्ट में उपस्थित होने का आदेश दिया है। मामले ने जबलपुर की सियासत गरमा गई है। बीजेपी कार्यकर्ता द्वारा अपने ही विधायक पर गंभीर आरोप लगाए जाने से पार्टी में चर्चा शुरु हो गई है। यह मुद्दा केवल लोकतंत्र की रक्षा की आवाज बनकर नहीं उभरा है, बल्कि इसे पार्टी की अंदरूनी खींचतान और राजनीतिक साजिश के रूप में भी देखा जा रहा है।
