
वन्यजीव अधिनियम की धाराओं के तहत की कार्रवाई
तेन्दूखेड़ा ! तीन जिले की सीमा में फैले हुए 26 बाघों सहित अन्य जंगली जानवरों से आबाद वीरांगना रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व में ठंडी का फायदा उठाते हुए नजर आ रहे हैं और हरे भरे जंगल में वन माफिया सक्रिय हो चुके हैं और रात के अंधेरे में पेड़ों की कटाई करना शुरू कर दिया है लेकिन वन विभाग की निगरानी से माफियाओं को बचना भी मुश्किल है दरअसल शुक्रवार एवं शनिवार की दरम्यानी रात 01 बजे वीरांगना रानी दुर्गावती टाइगर के डीएफओ डॉ एए अंसारी के मार्गदर्शन एवं निर्देशन में रिजर्व के गेम परिक्षेत्र सर्रा अंतर्गत विस्थापित ग्राम दुधिया के पुराने खेल ग्राउंड में वन स्टाफ द्वारा गस्ती के दौरान एक स्कार्पियो गाड़ी जिसका नंबर एचआर 06 क्यू 1110 है, जिसमें सागौन की सिल्लियां रखी हुई थी जिसे जप्त किया गया। गाड़ी में 0.153 घनमीटर सागौन की लकड़ी जिसके कोई वैध कागजात वाहन मालिक रत्नेश यादव निवासी भूरी बिजौरी थाना दमोह के पास नहीं पाए गए। इसके अलावा रतनेश का साथी कलू यादव को भी पकड़ा गया है जिनके उपर वन्य जीव अधिनियम एवं भारतीय वन अधिनियम की धाराओं के अंतर्गत वन अपराध प्रकरण 5447।12 दिनांक 06 दिसम्बर 2025 दर्ज किया गया है।

वन विभाग भी कार्रवाई में लगातार सक्रिय
वहीं टाइगर रिजर्व में बाघों और अन्य जानवरों की सुरक्षा को लेकर वन विभाग भी सक्रिय हैं और लगातार रिजर्व के अंदर अपनी नजर बनाए हुए हैं साथ ही दिन-रात टाइगर रिजर्व में गश्ती कर रहा है जहां माफियाओं को अपने मकसद में कामयाब नहीं होने दे रहे हैं और लगातार कार्रवाई कर रहे हैं वहीं टाइगर रिजर्व की हर गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं जहां टाइगर रिजर्व के 6 रेंजों के वन परिक्षेत्र अधिकारियों द्वारा भी प्रतिदिन टाइगर रिजर्व में गश्ती ओर जानवरों पर सुरक्षा नजर बनाए हुए हैं।

भारी भरकम सागौन के लिए जाना जाता है टाइगर रिजर्व
टाइगर रिजर्व पहले नौरादेही अभ्यारण्य हुआ करता था जिसकी स्थापना1975 में की गई थी टाइगर रिजर्व तीन जिले की सीमा में फैला हुआ है इस में दमोह सागर व नरसिंहपुर जिला शामिल है टाइगर में काफी पुरानी भारी भरकम वृक्ष लगे हुए हैं जबकि काफी संख्या में ऐसे ही पेड़ों की कटाई हो चुकी है स्थिति यह है कि कभी सागौन के लिए अपनी पहचान बनाने वाले इस टाइगर रिजर्व (नौरादेही अभ्यारण्य) में अब सागौन विलुप्त होने की कगार की ओर अग्रसर हो चला है यहां पर लॉकडाउन के दौरान भी आए दिन सागौन की कटाई के मामले सामने आते रहे है लेकिन बीते ढाई तीन साल से टाइगर रिजर्व की कमान संभाल रहे डीएफओ डॉ एए अंसारी के आने के बाद टाइगर रिजर्व में विकास के नए नए आयाम स्थापित किए जा रहे हैं और बाघों की संख्या सहित अन्य जानवरों का कुनबा भी तेजी से बढ़ रहा है और रिजर्व की सुरक्षा बढ़ाया गया है लगातार निगरानी मॉनिटरिंग की जा रही है
इनका कहना सर्रा प्रभारी रेंजर एलएन वर्मा ने बताया है कि स्कार्पियो में सागौन की सिल्लियां ले जाते समय पकड़ा गया है। जिसमें वाहन चालक और मालिक को एवं उसके साथ को गिरफतार किया है। जिसने पूछताछ की जा रही है।
