Spread the love

पेट्रोल की कीमतों पर रखी तीन मांगें
नई दिल्ली। देश में पेट्रोल की बढ़ती कीमतों और ईंधन के इस्तेमाल को लेकर राजनीतिक पारा चढ़ा हुआ है। आम आदमी पार्टी के संयोजक और पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोलकर आरोप लगाया है कि मोदी सरकार अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को खुश करने के लिए देश पर जबरन एथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल (ई-20) थोप रही है। आप नेता केजरीवाल ने देश की आम जनता के हितों का हवाला देकर मोदी सरकार के सामने तीन बेहद अहम मांगें रखी हैं।
केजरीवाल ने दावा किया कि अमेरिका दुनिया का सबसे बड़ा एथेनॉल उत्पादक है और भारत उससे भारी मात्रा में एथेनॉल आयात कर रहा है। उन्होंने लिखा, मोदी जी ट्रंप को खुश करने के लिए हमारे देश पर जबरदस्ती एथनॉल थोप रहे हैं…ई20 लागू होने के बाद, भारत अमेरिका से 5 गुना अधिक एथनॉल इंपोर्ट करेगा। ट्रम्प को खुश करने के लिए मोदी जी देश की जनता को बर्बाद कर रहे हैं।
इन गंभीर आरोपों के साथ, केजरीवाल ने उपभोक्ताओं के हित में सरकार से तीन प्रमुख मांगें की हैं। उनकी पहली मांग है कि देश के हर पेट्रोल पंप पर ग्राहकों को अपनी पसंद का पेट्रोल चुनने का अधिकार मिले, यानी ई-20 के साथ-साथ शुद्ध पेट्रोल का विकल्प भी हमेशा मौजूद रहे। वर्तमान में सरकार पर्यावरण और कच्चे तेल के आयात को कम करने के लिए ई-20 को बढ़ावा दे रही है, लेकिन केजरीवाल चाहते हैं कि ग्राहकों को चयन की स्वतंत्रता हो।
उनकी दूसरी मांग बेहद व्यावहारिक है, यदि पेट्रोल में 20 प्रतिशत एथेनॉल मिलाया जा रहा है, तब ई-20 पेट्रोल की कीमत शुद्ध पेट्रोल की तुलना में कम होनी चाहिए, क्योंकि एथेनॉल का उत्पादन पेट्रोल के मुकाबले सस्ता होता है। केजरीवाल का तर्क है कि अगर कीमत में कोई अंतर नहीं है, तब आम आदमी को इस मिश्रण से कोई आर्थिक लाभ नहीं मिल रहा है। तीसरी और आखिरी मांग के रूप में, केजरीवाल ने सरकार से देश में पेट्रोल की कीमत घटाकर 84 रुपये प्रति लीटर से कम करने की अपील की है, ताकि आम जनता को बढ़ती महंगाई से तुरंत राहत मिल सके। विशेषज्ञों का भी मानना है कि देश में कई पुरानी गाड़ियां ऐसी हैं, जिनके इंजन ई20 पेट्रोल के लिए पूरी तरह अनुकूल नहीं हैं, जिससे उनके इंजन को नुकसान पहुंचने का डर रहता है। केजरीवाल ने आम जनता की इन्हीं चिंताओं और जेब पर पड़ने वाले असर को भांपते हुए इस मुद्दे को उठाया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *