
गुना | जिले के चांचौड़ा थाना क्षेत्र में फरवरी माह में हुई पेट्रोल पंप लूट के चारों आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। ये आरोपी उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के निवासी हैं। पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार सिंहा के निर्देशन में जिले में संपत्ति संबंधी अपराधों पर सक्रिय रूप से कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में एसडीओपी चांचौड़ा महेंद्र गौतम के पर्यवेक्षण में चांचौड़ा थाना पुलिस ने इस लूट की घटना का खुलासा किया।
घटना 12 फरवरी की रात की है, जब चार अज्ञात बदमाश एक स्विफ्ट डिजायर कार में सवार होकर चांचौड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम मोई खेजड़ा स्थित माधव फ्यूल नायरा पेट्रोल पंप पहुंचे। वहां उन्होंने पेट्रोल पंप कर्मचारियों से मारपीट कर गल्ले से लगभग 70 हजार रुपये और सीसीटीवी डीवीआर लूट लिया। इस संबंध में पेट्रोल पंप के सेल्समैन सतीश विश्वकर्मा (उम्र 25 वर्ष, निवासी ग्राम देदला, थाना चांचौड़ा) ने रिपोर्ट दर्ज कराई, जिसके आधार पर अज्ञात चार आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 61/25, धारा 309(6) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई।
पुलिस ने इस घटना को गंभीरता से लिया और आरोपियों की तलाश शुरू की। जांच के दौरान जानकारी मिली कि उसी रात देवास जिले के टोंकखुर्द थाना क्षेत्र में भी इसी तरह की लूट की गई थी। वहां चारों आरोपी स्विफ्ट डिजायर कार से पेट्रोल पंप लूटने के बाद गिरफ्तार किए गए थे। इस जानकारी के आधार पर चांचौड़ा थाने की बीनागंज चौकी से एक पुलिस टीम देवास पहुंची और आरोपियों की पहचान की। इसके बाद न्यायालय से प्रोटेक्शन वारंट प्राप्त कर चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में राकेश कुमार पुत्र नौरंगीलाल बघेल (उम्र 34 वर्ष), जगदीश उर्फ जग्गा पुत्र रामनाथ बघेल (उम्र 28 वर्ष), बागेश कुमार पुत्र श्याम सिंह बघेल (उम्र 19 वर्ष) और कन्हैया पुत्र संतोष यादव (उम्र 21 वर्ष) शामिल हैं। ये सभी आरोपी उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के एतमादपुर के रहने वाले हैं। चारों आरोपियों को माननीय न्यायालय से तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है ताकि उनसे लूट में प्रयुक्त वाहन, लूटे गए रुपये और अन्य साक्ष्य बरामद किए जा सकें।
चांचौड़ा थाना पुलिस की इस सफलता में थाना प्रभारी निरीक्षक मचल सिंह मंडेलिया, बीनागंज चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक अजय प्रताप सिंह, प्रधान आरक्षक सुनील रघुवंशी, आरक्षक शुभम मिश्रा, आरक्षक संजय सोलंकी, आरक्षक अमित राजावत और आरक्षक सौरभ यादव की अहम भूमिका रही। गुना पुलिस द्वारा की गई इस कार्रवाई से जिले में अपराधियों पर सख्ती का संदेश गया है और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है।
