छिंदवाड़ा। समाजसेवी बनकर गुरूद्वारा के सेवादारों और व्यापारियों को लाखों रूपए का फ्राड करने वाले तथाकथित समाजसेवी का अब तक कोई पता नहीं चल सका है। हालांकि व्यापारी ने अपने स्तर पर उक्त समाजसेवी की पहचान कर ली है। उसकी पहचान महाराष्ट्र के पूणे निवासी सरबजीत सिंह होरा पिता हरजीतसिंह होरा के रूप में कर ली है और कुण्डीपुरा पुलिस को तथाकथित समाजसेवी का आधार और पेन कार्ड भी सौंप दिया है। इस आधार पर पुलिस उसकी तलाश में जुट गई है। गौरतलब है कि इससे पहले ८ मई को इसी समाजसेवी व्यक्ति ने छिंदवाड़ा के गांधीगंज स्थित बीआर ट्रेडर्स से भी ५११ किलो घी गुरूद्वारा में दान करने के नाम पर ३ लाख ४८ हजार ३०० रूपए का खरीदा था और बदले में उन्हें भी उक्त राशि का चैक दिया था। १३ मई को यह चैक बैंक से बाउंस हो गया। छिंदवाड़ा में वारदात करने के बाद अपने आप को समाजसेवी कहने वाला उक्त व्यक्ति ने नागपुर के माधव ट्रडर्स के संचालक को भी २ लाख ४ हजार ७६२ रूपए की चपत लगाई है। उस व्यक्ति ने छिंदवाड़ा की तरह नागपुर में भी वारदात का यही तरीका अपनाया। बताया जा रहा है कि तथाकथित समाजसेवी ने गुरूद्वारा में दान देने के नाम पर नागपुर के इतवारी बाजार स्थित माधव ट्रेडर्स से १० मई को १०० टीन सनफ्लावर तेल २ लाख ४ हजार ७६२ रूपए में खरीदा और बदले में उन्हें २ लाख १५ हजार रूपए का चैक देकर उक्त माल ल ेकर चंपत हो गया। अब तक तथाकथित समाजसेवी ने छिंदवाड़ा के बीआर ट्रेडर्स को ३ लाख ४८ हजार ३०० रूपए और नागपुर के माधव ट्रेडर्स को २ लाख ४ हजार ७६२ ऐसे कुल ५ लाख ५३ हजार ६२ रूपए की चपत लगाई है।
