
अंतेष्टि के दौरान संदिग्ध चोटें दिखने पर पुलिस ने की त्वरित कार्यवाही
बालाघाट। भरवेली थाना पुलिस ने 48 घंटे में अंधे हत्याकांड का खुलासा कर दिया है। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार भी किया है। गिरफ्तार आरोपियों में भरवेली थाना क्षेत्र के मानेगांव निवासी रंजीत उर्फ माजू पिता स्व. नंदलाल केट्टी 43 वर्ष और सुरेश पिता कुंवरलाल हिरवाने 42 वर्ष शामिल है। पुलिस ने दोनों ही आरोपियों को आवश्यक कार्यवाही के बाद न्यायालय में पेश किया।
पुलिस ने बताया कि ग्राम मानेगांव निवासी शिव शंकर सिंगरे ने 23 मई को थाना में सूचना दी थी कि उसके पिता सुदेश सिंगरे 52 वर्ष की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। शिवशंकर के अनुसार उसके पिता की 22 मई को अचानक तबीयत खराब हो गई थी। जिसे बालाघाट अस्पताल लेकर गए थे। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। जब घर में अंतेष्टि की तैयारी की जा रही थी। तब उनके शरीर में चोट के निशान दिखाई दिए। संदेह होने पर उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना के आधार पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा कार्यवाही की। शव का पीएम कराया। मर्ग कायम कर मामले को जांच में लिया। पीएम रिपोर्ट में सुदेश की मृत्यु गर्दन की हड्डी टूटने के कारण होना बताया गया।
ऐसे हुआ खुलासा
मामले की जांच कर रही टीम को पता चला कि मानेगांव निवासी रंजीत केट्टी और सुरेश हिरवाने ने मृतक सुदेश सिंगरे से मारपीट की थी। साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों के खिलाफ धारा 103 बीएनएस के तहत अपराध दर्ज किया। वहीं दोनों ही आरोपियों को खेत से गिरफ्तार किया। पुलिस की पूछताछ में दोनों ही आरोपियों ने बताया कि करीब दस दिन पूर्व उनके खेत की मोटर चोरी हो गई थी। उन्हें संदेह था कि मोटर सुदेश सिंगरे ने चुराई है। घटना वाले दिन दोनों ने सुदेश को अपने खेत में बुलवाया। फिर शराब पिलाई। इसके बाद मोटर के बारे में पूछताछ की। वाद-विवाद बढऩे पर उन्होंने सुदेश के साथ जमकर मारपीट की। जिसके कारण उसके गर्दन की हड्डी टूट गई। जिससे उसकी मृत्यु हो गई।
इस कार्यवाही में थाना प्रभारी उपनिरीक्षक संजय ऋषिश्वर, उपनिरीक्षक जयदीप सिंह भदौरिया, प्रधान आरक्षक विश्वनाथ बघेल, शिशुपाल कटरे, आरक्षक विजेंद्र सिंह, कमलेश विश्वकर्मा, अघन सिंह का योगदान रहा।
